एक गर्भवती के मन की उथल – पुथल को दर्शाती एक कविता बिहार से

बिहार की लेखनी हर वक्त और दौर में अपनी पहचान बनाने में कामयाब रही है। कविता को आज के दौर में नये तरीकों से लिखा जाना और समाज के सोच पर कटाक्ष करना लेखनी द्वारा लाया जा रहा बदलाव है। वैसे ही आज 'एक कविता बिहार स...
2 Ghumakkar

बिहार – कुछ ऐसा दिखा हमें | दो – घुमक्कड़

बिहार - एक ऐसा राज्य जहाँ हम-दोनों ने जन्म तो लिया था, परंतु उसे जाना नहीं था। इतिहास के पन्नों से लेकर लोगों की जुबानी बस इसके इतिहास से रुबरु होते आ रहे थे। परंतु हम घुमक्कड़ जो सिर्फ और सिर्फ वर्तमान को जी...
Ek Kavita Bihar Se

नारी की स्थिति को दर्शाती , शेफालिका वर्मा की एक कविता बिहार से

शेफालिका वर्मा मैथिली की प्रतिष्ठित लेखिका हैं, जिन्होंने पद्य एवं गद्य की विभिन्न विधाओं में समान रूप से अपनी लेखनी चलाई है। वे हिंदी एवं अंग्रेजी में भी लिखती हैं। एक लेखिका एवं ...
Bihari, Bihar

To Bihari, or not to Bihari

Shipra Chandra- As an individual who has spent most of her adult life living out of Bihar, I find it amusing how people form perceptions of what a Bihari is supposed to look like based solely on popular media’...
world sparrow day

विश्व गौरैया दिवस पर रश्मि शर्मा की ‘ओ री गौरैया’ | ‘एक कविता बिहार से’

गौरैया का हमारे समाज में बेहद अहम स्थान रहा है। हमारे रोशनदानों, आँगन के झरोखों से होते हुए कब गौरैया ने हमारे किस्से कविताओं का हिस्सा हो गई हमें पता भी नहीं चला। आज विश्व गौरैया दिवस है और यह बताने की ज़रूरत न...