डॉक्टर हाथी

डॉक्टर हाथी के नाम से मशहूर बिहारी एक्टर कवि कुमार आज़ाद की हंसी से महरूम हो गया टेलीविज़न जगत

कभी कभी कुछ लोग, कुछ चीज़ें, कुछ जगहें जान से इतनी ज़्यादा जुड़ जाती हैं उनके जाने का एहसास भी बड़ी मुश्किल से होता है। एक पल को लगता है जैसे सब झूठ है, फ़रेब है, जैसे अभी वह चीज़ वापस आ जायेगी, जैसे अभी वह उठ खड़ा होगा और गले लग जाएगा, जैसे वो स्टेशन जो पीछे छूट गया...
माहवारी , Periods, Action Media, Bihar Dialogue, Nav Astitva foundation

वूमन इश्‍यू नहीं हयूमन इश्‍यू है माहवारी, इसपर चुप्पी तोड़ने की जरूरत

माहवारी के डिबेट को फैशनेबल बनाना चाहती हैं ब्रांडेड नैपकीन कंपिनयां - अंशु गुप्ता -         ­­वूमन इश्‍यू नहीं हयूमन इश्‍यू है माहवारी, इसपर चुप्पी तोड़ने की जरूरत -          एक्‍शन मीडिया और नव अस्तित्व फाउं...

एक बिहारी की मालदह आम से जुड़ी खास यादें

सीज़न का पहिला मालदह आम आज नसीब हुआ, भर पेट खाना खाने के बाद मालदह आम का कतरा खाने जैसा तृप्ति बस सचिन का स्ट्रेट ड्राइव ही दे पाया है, समझिये। गाड़ी का शीशा नीचे कर के पूछे की "भैय्या मालदह आम है?" पहिला जवाब आय...
दीदारगंज यक्षी

क्या बिहार की मोनालिसा है दीदारगंज यक्षी ?

जिस तरह यूरोप की हर छोटी से छोटी सामान्य सी लगती संरचनाओं को भी युनेस्को (UNESCO) ने विश्व धरोहर का दर्जा दे रखा है, वैसे ही इधर की कला को भी ज़्यादा ही हवा मिल रखा है। मैं यह नहीं कह रहा कि ये चीज़ें उस स्...